मुख्यमंत्री ने कान्हा में बाघ का किया दीदार, असम से लाए गए जंगली भैंसों को प्राकृतिक आवास में किया मुक्त

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कान्हा टाइगर रिजर्व का दौरा किया और 8 जंगली भैंसों को बड़े बाड़े में छोड़ा। इस दौरान उन्होंने जंगल सफारी का आनंद लिया।

Oct 12, 2026 - 19:51
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मुख्यमंत्री ने कान्हा में बाघ का किया दीदार, असम से लाए गए जंगली भैंसों को प्राकृतिक आवास में किया मुक्त

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने मंडला जिले के दौरे के दौरान विश्व प्रसिद्ध कान्हा टाइगर रिजर्व का भ्रमण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने रोमांचक जंगल सफारी का आनंद लिया और उन्हें जंगल के राजा बाघ के दीदार भी हुए। मुख्यमंत्री ने कान्हा की समृद्ध जैव विविधता, प्राकृतिक सौंदर्य और वन्यजीव संरक्षण के लिए पार्क प्रबंधन द्वारा किए जा रहे ठोस प्रयासों की खुलकर सराहना की और इसे प्रदेश के लिए गर्व का विषय बताया।

🐃 कान्हा में जंगली भैंसों का पुनर्स्थापना कार्यक्रम: क्वारंटाइन अवधि पूरी कर 8 जंगली भैंसों को बड़े बाड़े में छोड़ा गया

दौरे के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कान्हा टाइगर रिजर्व के सूपखार परिक्षेत्र में जंगली भैंसा पुनर्स्थापना कार्यक्रम के तहत एक महत्वपूर्ण कदम उठाया। उन्होंने क्वारंटाइन की अवधि सफलतापूप्र्वक पूरी कर चुके 08 जंगली भैंसों को एक हेक्टेयर के छोटे बाड़े से निकालकर 17 हेक्टेयर क्षेत्रफल में निर्मित बड़े प्राकृतिक बाड़े में मुक्त किया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य इन वन्यजीवों को क्षेत्र की आबोहवा के अनुकूल ढालकर उनके प्राकृतिक आवास में सुरक्षित रूप से पुनर्स्थापित करना है।

🌳 लगभग सौ वर्षों बाद शुरू हुआ दूसरा चरण: असम के काजीरंगा से लाए गए हैं वन्यजीव

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर जानकारी दी कि लगभग सौ वर्षों के लंबे अंतराल के बाद कान्हा टाइगर रिजर्व के सूपखार परिक्षेत्र में जंगली भैंसों की पुनर्स्थापना का दूसरा चरण प्रारंभ हुआ है। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के विशेष सहयोग से काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान से लगभग 2200 किलोमीटर की लंबी दूरी तय कराकर इन 8 जंगली भैंसों को मध्य प्रदेश लाया गया है। इसके अलावा दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने एक स्थानीय अधिकारी की पदोन्नति पर उनकी वर्दी पर स्वयं फ्लैप लगाकर उन्हें बधाई भी दी।

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