छतरपुर में 48 घंटे की मूसलाधार बारिश से हाहाकार, उफान पर नदियां-नाले और विदेशी पर्यटकों की बस फंसी

मध्य प्रदेश के छतरपुर में लगातार हो रही बारिश से नदियां उफान पर हैं। बांध के गेट खोले गए हैं और फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। प्रशासन मुस्तैद है।

Sep 27, 2026 - 17:59
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छतरपुर में 48 घंटे की मूसलाधार बारिश से हाहाकार, उफान पर नदियां-नाले और विदेशी पर्यटकों की बस फंसी

छतरपुर: मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में पिछले 48 घंटों से लगातार हो रही भारी बारिश और तूफानी हवाओं ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। सामने आ रही डरावनी तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि जिले के कई छोटे-बड़े नाले और नदियां उफान पर बह रही हैं, सड़कें टूट चुकी हैं और कई इलाकों में बाढ़ जैसे गंभीर हालात पैदा हो गए हैं। कई निचले आवासीय इलाकों में घरों के भीतर पानी घुस गया है, जिससे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ी है। इसके अलावा, भारी जलभराव के बीच विदेशी पर्यटकों की एक बस के नाले के पास फंसने की खबर भी सामने आई है।

🌊 छतरपुर में आफत की बारिश, खतरे के निशान से ऊपर बह रहा बुढ़ा बांध

छतरपुर जिले में मौसम की इस भारी मार ने पिछले दो दिनों से लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। लगातार मूसलाधार बारिश के साथ-साथ तेज और ठंडी हवाएं चल रही हैं, जिससे तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। जिले के कई इलाकों में जलभराव की गंभीर स्थिति बन चुकी है। ब्रजपुरा का प्रसिद्ध बुढ़ा बांध खतरे के निशान से ऊपर बह रहा है। पानी के अत्यधिक दबाव और लगातार आवक को देखते हुए प्रशासन ने एहतियात के तौर पर रनगुवां बांध के सात गेट खोल दिए हैं।

🚧 नौगांव एसडीएम ने संभाला मोर्चा, सुरक्षा के मद्देनजर रास्ते किए गए बंद

लगातार हो रही बारिश के कारण नौगांव-कुलपहाड़ मार्ग पर स्थित दोनों नाले पूरी तरह ओवरफ्लो हो गए हैं, जिससे सड़क पर कई फीट पानी भर गया है। आम नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए प्रशासन ने मार्ग के दोनों सिरों पर बैरिकेड्स लगाकर आवागमन पूरी तरह बंद कर दिया है। नौगांव के एसडीएम जी.एस. पटेल ने स्थिति की जानकारी देते हुए बताया कि "नौगांव से बेलाताल और राठ की ओर जाने वाले मार्गों पर भी पूरी सावधानी बरती जा रही है और पुलिस बल तैनात है।"

🌱 किसानों की उम्मीदों पर पानी, तिल और उड़द की फसलें बर्बाद

राजस्व और प्रशासनिक अमले के साथ नायब तहसीलदार प्रदीप लोधी, पीडब्ल्यूडी, स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की टीमें लगातार क्षेत्र में गश्त कर रही हैं। इस लगातार बारिश का सबसे बुरा असर किसानों की फसलों पर पड़ा है। ब्रजपुरा गांव के सरपंच पंकज मिश्रा ने बताया कि "ब्रजपुरा गांव से लगा बुढ़ा बांध खतरे के निशान से ऊपर चल रहा है और ओवरफ्लो होकर पानी किसानों के खेतों में भर गया है। इस आपदा के कारण किसानों की इस सीजन की तिल और उड़द की फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं।" प्रशासन द्वारा सभी प्रभावित क्षेत्रों में फसलों के नुकसान का सर्वे कराने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं महाराजपुर थाना इलाके का शिवसागर तालाब भी अपनी पूरी क्षमता के साथ उफान पर है।

🚌 विदेशी पर्यटकों से भरी बस गहरे गड्ढे में फंसी, ग्रामीणों ने बचाई जान

बारिश और जलभराव के चलते एक बड़ी दुर्घटना होते-होते टल गई, जब विदेशी पर्यटकों को ले जा रही एक मिनी बस पानी के बीच फंस गई। दरअसल, विदेशी पर्यटक मिनी बस से खजुराहो की ओर जा रहे थे। इस दौरान बमीठा के पास बस चालक ने सड़क पर भरे पानी से निकालने का प्रयास किया, लेकिन पानी ज्यादा होने के कारण बस सड़क किनारे बने एक गहरे गड्ढे में जा धंसी। स्थिति को बिगड़ते देख मौके पर मौजूद सतर्क ग्रामीणों ने तुरंत एकजुट होकर बस को पीछे से धक्का दिया और सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे सभी पर्यटकों की जान बाल-बाल बच गई। खजुराहो मौसम केंद्र के प्रभारी आर.एस. परिहार ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी के दौरान बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसमी सिस्टम के कारण आज 27 सितंबर को भी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है, जिसके चलते गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने का अलर्ट भी जारी किया गया है।

🏚️ लगातार बारिश के बीच भरभराकर गिरा कच्चा मकान, परिवार बेघर

जिले में लगातार जारी बारिश के बीच कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले नारायणपुरा रोड इलाके में एक गरीब परिवार का कच्चा मकान अचानक भरभराकर जमींदोज हो गया। इस दर्दनाक हादसे में घर के अंदर मौजूद एक महिला गंभीर रूप से चोटिल हो गई, जबकि कई छोटे-छोटे बच्चे बाल-बाल बच गए। इस अचानक आई आपदा के बाद पीड़ित परिवार के सामने सिर छिपाने की बहुत बड़ी समस्या खड़ी हो गई है। पीड़ित महिला बिट्टी बाई रोते हुए कहती हैं, ''अब रहने के लिए हमारे पास कुछ भी नहीं बचा है, गनीमत रही कि किसी तरह सबकी जान बच गई।''

📊 राजनगर क्षेत्र में दर्ज की गई सबसे अधिक बरसात

छतरपुर जिलेभर में बीते 24 घंटों के दौरान हुई बारिश के आंकड़ों पर नजर डालें तो 26 सितंबर को गौरिहार में सबसे कम 1 इंच, छतरपुर शहर में 2.6 इंच, लवकुशनगर में 3.5 इंच, बिजावर में 2.3 इंच, नौगांव में 3.6 इंच, राजनगर में सबसे अधिक 4.4 इंच और बड़ामलहरा में 1.9 इंच बारिश दर्ज की गई है। लगातार हो रही इस बारिश से आम जनजीवन पूरी तरह प्रभावित है।

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