बुरहानपुर पटाखा बाजार में अफसरों का छापा: दुकानदारों की मनमानी पर भड़के निगमायुक्त, आकार बढ़ाने पर लाइसेंस निरस्त करने की चेतावनी
बुरहानपुर के रेणुका माता मंदिर के पास स्थित पटाखा बाजार में प्रशासनिक निरीक्षण के दौरान अतिक्रमण व सुरक्षा खामियां मिलीं। निगमायुक्त ने दुकानदारों को चेतावनी दी।
मध्य प्रदेश के बुरहानपुर जिले के शिकारपुरा थाना क्षेत्र में स्थित ऐतिहासिक रेणुका माता मंदिर के समीप दशहरा मैदान में सरकारी जमीन पर अस्थाई पटाखा बाजार सजाया गया है। नगर निगम द्वारा पारदर्शी लॉटरी सिस्टम के माध्यम से कुल 71 पटाखा दुकानों का आवंटन किया गया है, जो 10 नवंबर तक संचालित होंगी। इस प्रक्रिया से नगर निगम को 14 लाख 20 हजार रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है।
सोमवार को पटाखा बाजार में सुरक्षा इंतजामों और व्यवस्थाओं का जायजा लेने पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों की टीम जब धरातल पर उतरी, तो दुकानदारों की मनमानी और अतिक्रमण देखकर अफसरों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया।
📏 निर्धारित आकार से बड़ी पाई गईं दुकानें: निगमायुक्त संदीप श्रीवास्तव ने कर्मचारियों से कराई नपती
अतिक्रमण और मनमानी का विवरण:
-
दुकानों का आकार बढ़ाया: निरीक्षण के दौरान पाया गया कि अधिकांश पटाखा दुकान संचालकों ने अपने आवंटित दायरे से बाहर निकलकर दुकानों का आकार मनमाने ढंग से बढ़ा लिया था। दो दुकानों के बीच पर्याप्त सुरक्षित दूरी छोड़ने के बजाय केवल नाममात्र की जगह छोड़ी गई थी।
-
मौके पर नपती: निगमायुक्त संदीप श्रीवास्तव ने तत्काल नगर निगम के कर्मचारियों को फीता लेकर अधिकांश दुकानों की नपती (नापजोख) करने के निर्देश दिए। जांच में कई दुकानें तय मार्किंग से काफी बाहर पाई गईं।
-
फटकार और हिदायत: निगमायुक्त ने नियम तोड़ने वाले दुकानदारों को जमकर फटकार लगाई और उन्हें तुरंत प्रभाव से दुकानें निर्धारित साइज में समेटने की अंतिम हिदायत दी।
🧯 फायर सेफ्टी और सुरक्षा मानकों की बारीकी से जांच: लाइसेंस निरस्त करने की मिली चेतावनी
वरिष्ठ अधिकारियों का संयुक्त निरीक्षण:
-
अधिकारियों का दल: अपर कलेक्टर सृजन वर्मा, एसडीएम पल्लवी पौराणिक, डिप्टी कलेक्टर तपीश पांडे और एडिशनल एसपी प्रदीप शेंडे ने संयुक्त रूप से पूरे पटाखा बाजार का सघन मुआयना किया।
-
सुरक्षा उपकरणों का परीक्षण: अधिकारियों ने आग पर काबू पाने वाले फायर सेफ्टी उपकरणों, पानी व रेत से भरी बाल्टियों तथा लाइसेंस दस्तावेजों की बारीकी से जांच की।
-
किराए पर दी दुकानें: जांच के दौरान एक बड़ा मामला सामने आया कि कुछ आवंटियों ने लॉटरी में मिली अपनी दुकानें दूसरों को महंगे दामों पर किराए पर दे दी थीं। इस पर कड़ी नाराजगी जताते हुए निगमायुक्त ने ऐसे दुकानदारों के लाइसेंस तुरंत निरस्त करने की चेतावनी दी है।
🗣️ निगमायुक्त, अपर कलेक्टर और एएसपी के आधिकारिक बयान
प्रशासन का रुख और सख्त चेतावनी:
-
निगमायुक्त संदीप श्रीवास्तव का बयान: "नगर निगम ने लॉटरी से 71 दुकानों का पारदर्शी आवंटन किया है। संयुक्त प्रशासनिक टीम के निरीक्षण में कई दुकानें सीमा से बाहर मिलीं और कुछ कमियां पाई गईं। दुकानदारों को सीमा में रहने की हिदायत दी गई है, अवहेलना करने पर दुकानें सील की जाएंगी।"
-
अपर कलेक्टर सृजन वर्मा व एएसपी प्रदीप शेंडे का वक्तव्य: "पटाखा बाजार में कुछ स्थानों पर सुरक्षा के पुख्ता और मानक इंतजाम नहीं मिले हैं। दुकानदारों को तत्काल प्रभाव से सभी सुरक्षा नियम पूरे करने के निर्देश दिए गए हैं। नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होगी।"
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)