शिवपुरी के बछोरा में कीचड़ भरे रास्ते से गुजरने को मजबूर मासूम बच्चे, हाथ में जूते लेकर जाने को हैं विवश
शिवपुरी के वार्ड नंबर-1 बछोरा में सड़क पर कीचड़ होने के कारण स्कूली बच्चों को अपने जूते हाथ में लेकर रास्ता पार करना पड़ रहा है। स्थानीय लोग लंबे समय से परेशान हैं।
मध्य प्रदेश के शिवपुरी शहर के वार्ड नंबर-1 बछोरा से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है जो प्रशासन और विकास के तमाम दावों पर बड़ा सवालिया निशान लगाती है। स्कूल जाने वाले बच्चों के हाथों में किताबें और पैरों में जूते होने चाहिए, लेकिन यहाँ बारिश के दिनों में हालात इसके बिल्कुल विपरीत नजर आते हैं। सड़क पर भारी कीचड़ और पानी भरा होने के कारण मासूम स्कूली बच्चों को अपने जूते हाथ में लेकर इस बदहाल रास्ते को पार करना पड़ता है। खतरनाक कीचड़ भरा रास्ता पार करने के बाद बच्चे किसी तरह साफ जगह पर पहुंचते हैं और फिर जूते पहनकर स्कूल की तरफ रवाना होते हैं।
🌧️ बारिश में कीचड़ का समंदर बन जाती है सड़क, रोज लेट हो रहे बच्चे
बरसात के मौसम में इस सड़क की हालत इतनी बदतर हो जाती है कि यहाँ से पैदल निकलना भी किसी चुनौती से कम नहीं है। कीचड़ के कारण बच्चों की पूरी स्कूल ड्रेस गंदी हो जाती है और कई बार इसी वजह से उन्हें स्कूल पहुंचने में भी देरी हो जाती है। जब बच्चे स्कूल पहुंचते हैं, तो शिक्षकों के सवालों का सामना करना उनकी मजबूरी बन जाता है, जबकि हकीकत यह है कि उनके पास इस रास्ते के अलावा कोई और विकल्प ही नहीं है। स्थानीय निवासी महिला भभूति ने बताया कि यह समस्या आज की नहीं, बल्कि पिछले कई सालों से लगातार बनी हुई है।
🗣️ केंद्रीय मंत्री से लेकर अधिकारियों तक शिकायत, फिर भी नहीं बदली तस्वीर
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस जर्जर सड़क की समस्या को लेकर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से लेकर नगर पालिका के जिम्मेदार अधिकारियों तक कई बार गुहार लगाई जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद अब तक सड़क की स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है। लोगों का सवाल है कि आजादी के इतने दशकों बाद भी यदि बच्चों को स्कूल जाने के लिए कीचड़ से गुजरना पड़े, तो विकास के दावों का क्या अर्थ रह जाता है। इस मामले में सांसद प्रतिनिधि हरिओम राठौर ने कहा है कि यह मामला उनके संज्ञान में आया है और संबंधित अधिकारियों से बात कर जल्द ही सड़क की व्यवस्था ठीक कराने का प्रयास किया जाएगा।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)