कुबेरेश्वर धाम में गुरु पूर्णिमा महोत्सव की भव्य तैयारी; पं. प्रदीप मिश्रा करेंगे शिव महापुराण कथा
सीहोर के कुबेरेश्वर धाम में 24 से 29 जुलाई तक गुरु पूर्णिमा महोत्सव और शिव महापुराण कथा का भव्य आयोजन। पं. प्रदीप मिश्रा की कथा का समय, रुद्राक्ष वितरण पर लगी रोक और तैयारियों की पूरी अपडेट पढ़ें।
सीहोर। मध्य प्रदेश के सीहोर स्थित चितावलिया हेमा में मुरली मनोहर एवं कुबेरेश्वर महादेव मंदिर में आगामी गुरु पूर्णिमा महोत्सव की तैयारियां जोरों पर हैं. आयोजन को लेकर कुबेरेश्वर धाम में देश के कोने-कोने से शिव भक्तों का आगमन शुरू हो चुका है. स्थिति यह है कि धाम के आसपास के सभी होटल, धर्मशालाएं और लॉज लगभग हाउसफुल हो चुके हैं.
24 जुलाई से शुरू होने जा रहे इस विशाल धार्मिक आयोजन में लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है, जिसके मद्देनजर धाम समिति और जिला प्रशासन द्वारा सुरक्षा, यातायात और नागरिक सुविधाओं की व्यापक व्यवस्था की जा रही है. पूरे कार्यक्रम की रूपरेखा कथावाचक पं. प्रदीप मिश्रा ने साझा की है.
मंदिर परिसर में होने वाले महाआयोजन को लेकर भव्य और वाटरप्रूफ पंडाल का निर्माण कराया गया है. श्रद्धालुओं की सुगमता के लिए भोजनशाला, प्राथमिक चिकित्सा केंद्र, पेयजल स्थल और पार्किंग व्यवस्था का निरीक्षण खुद पं. प्रदीप मिश्रा ने किया. उन्होंने विठलेश सेवा समिति के सेवादारों के साथ बैठक कर सभी व्यवस्थाएं सुचारू रखने के निर्देश दिए हैं.
प्रशासनिक स्तर पर भी यातायात डायवर्जन, बैरिकेडिंग, साफ-सफाई और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं ताकि दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी परेशानी का सामना न करना पड़े.
विठलेश सेवा समिति के मीडिया प्रभारी मनोज दीक्षित (मामा) ने बताया कि गुरु पूर्णिमा महोत्सव के तहत आयोजित होने वाले मुख्य कार्यक्रमों की समय-सारणी इस प्रकार रहेगी:
| तिथि (Date) | कार्यक्रम / आयोजन | समय (Time) |
| 24 जुलाई से 28 जुलाई | संगीतमय शिव महापुराण कथा | दोपहर 1:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक |
| 29 जुलाई | गुरु दीक्षा समारोह एवं गुरु पूर्णिमा महोत्सव | प्रातः 7:00 बजे से रात्रि 7:00 बजे तक |
महोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं की अत्यधिक भीड़ को ध्यान में रखते हुए सेवा समिति ने बड़ा फैसला लिया है. 24 जुलाई से रुद्राक्ष वितरण का कार्य अस्थायी रूप से स्थगित रहेगा.
समिति के अनुसार, इस अवधि में सभी स्वयंसेवक और सेवादार वितरण केंद्र के बजाय कथा स्थल की व्यवस्था, श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन, सुरक्षा, लाइन प्रबंधन और आपातकालीन सेवाओं में तैनात रहेंगे.
कथा की पूर्व संध्या और तैयारियों का जायजा लेने के दौरान प्रसिद्ध कथावाचक पं. प्रदीप मिश्रा ने श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संदेश देते हुए कहा:
कुबेरेश्वर धाम में प्रतिदिन आने वाले हजारों श्रद्धालुओं के लिए सर्वसुविधायुक्त आधुनिक विशाल भोजनशाला में निरंतर नि:शुल्क भोजन प्रसादी की व्यवस्था की जा रही है. विठलेश सेवा समिति के स्वयंसेवक दिन-रात श्रद्धालुओं की सेवा में जुटे हुए हैं.
हर वर्ष आयोजित होने वाला यह गुरु पूर्णिमा महोत्सव कुबेरेश्वर धाम का सबसे मुख्य आध्यात्मिक उत्सव माना जाता है, जिसमें इस वर्ष भी रिकॉर्ड संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने का अनुमान है.
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)