अमेरिका के 20-सूत्रीय रोडमैप पर हमास की सहमति, गाजा से सैन्य नियंत्रण हटाने की उठी मांग
जेरेड कुशनर ने मिस्र में हमास नेताओं के साथ बैठक कर गाजा में हथियार छोड़ने और अमेरिका के 20-सूत्रीय शांति रोडमैप को आगे बढ़ाने पर चर्चा की।
अमेरिका के नवनिर्वाचित नेतृत्व और कूटनीतिक प्रयासों के तहत राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सलाहकार जेरेड कुशनर ने रविवार को मिस्र में हमास के शीर्ष नेताओं के साथ एक विशेष बैठक की। इस लगभग 90 मिनट लंबी चली उच्चस्तरीय बैठक में हमास ने गाजा को हथियारों और सैन्य ढांचे से मुक्त करने की अपनी मंशा दोहराई। हालांकि, अमेरिकी पक्ष की ओर से साफ किया गया कि केवल मौखिक वादे काफी नहीं हैं, बल्कि हमास को हथियार छोड़ने की दिशा में जमीनी स्तर पर ठोस कदम उठाने होंगे। चूंकि इजराइल को इस बात का संदेह है कि हमास पूरी तरह हथियार नहीं छोड़ेगा, इसलिए अमेरिका चाहता है कि हमास अपनी कार्रवाई से पहले भरोसा कायम करे।
🏛️ गाजा की सत्ता सौंपने को तैयार हमास, अमेरिका ने रखी सख्त शर्तें
बैठक के दौरान हमास के नेताओं ने कुशनर को अवगत कराया कि वे गाजा की प्रशासनिक व्यवस्था एक स्वतंत्र फिलिस्तीनी तकनीकी सरकार को सौंपने के लिए पूरी तरह तैयार हैं, और उस सरकार के कार्यभार संभालने के बाद हमास प्रशासन में कोई दखल नहीं देगा। हालांकि, अमेरिका का स्पष्ट रुख है कि भविष्य की शासन व्यवस्था में हमास की कोई भूमिका नहीं होनी चाहिए और उसे अपने सभी हथियार व सैन्य ढांचे को पूरी तरह समाप्त करना होगा। कुशनर ने दो टूक शब्दों में कहा कि हथियार छोड़ने के मुद्दे पर किसी भी तरह की ढील की गुंजाइश नहीं है, और यदि हमास इस दिशा में कदम बढ़ाता है, तो अमेरिका भी इजराइल पर जवाबी कदम उठाने के लिए दबाव बनाएगा।
🌍 शांति योजना का दूसरा चरण और अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थों की भूमिका
ट्रंप प्रशासन और 'बोर्ड ऑफ पीस' की 20-सूत्रीय शांति योजना के दूसरे चरण को आगे बढ़ाने के लिए यह बैठक बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। यदि हमास हथियार त्यागने की प्रक्रिया शुरू करता है, तो बदले में इजराइल से भी गाजा में इंटरनेशनल स्टेबलाइजेशन फोर्स की तैनाती की अनुमति देने, रफाह में पुनर्निर्माण शुरू करने और सैनिकों की क्रमिक वापसी की उम्मीद की जाएगी। इस बैठक में ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर, मिस्र के खुफिया प्रमुख हसन रशाद, कतर और तुर्की के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हुए। हालांकि हमास ने संघर्ष-विराम और मानवीय मदद की मांग की है, लेकिन उसके आधिकारिक बयानों में हथियार छोड़ने की बात अभी स्पष्ट रूप से सामने नहीं आई है, जिससे क्षेत्र में कूटनीतिक प्रयास जारी हैं।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)