रतलाम में दूषित सब्जियां बेचने वाले 'भल्ला' का खुला बड़ा राज, निकला राज्य कर विभाग का कर्मचारी
रतलाम में नाले के गंदे पानी से सब्जियां धोने वाला शख्स जीएसटी विभाग का क्लर्क निकला, जिसे 60 हजार रुपये सैलरी मिलती है। विभाग ने थमाया कारण बताओ नोटिस।
रतलाम। शहर के डॉट की पुल क्षेत्र में गंदे नाले से दूषित पानी निकाल कर सब्जियां धोने का एक बेहद घिनौना और चौंकाने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. इस वीडियो में एक शख्स सरेआम नाले के गंदे पानी से सब्जियों को धोते हुए कैमरे में कैद हुआ था. वीडियो के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए खाद्य विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर उक्त आरोपी को रंगे हाथ पकड़ा था और उसकी सभी दूषित व अस्वास्थ्यकर सब्जियां मौके पर ही नष्ट करवा दी थीं. वहीं, अब इस पूरे मामले में एक बहुत बड़ा और हैरान कर देने वाला प्रशासनिक खुलासा हुआ है.
💼 2. 60 हजार रुपये वेतन पाने वाला GST विभाग का क्लर्क निकला आरोपी: आम जनता की सेहत से कर रहा था खिलवाड़
नाले के दूषित पानी से सब्जियां धोने वाला यह शख्स कोई आम गरीब या मजबूर रेहड़ी-पटरी वाला नहीं, बल्कि वाणिज्यिक कर विभाग (GST) का एक सरकारी कर्मचारी निकला. रतलाम के गीता मंदिर रोड स्थित जीएसटी राज्य कर विभाग के कार्यालय में क्लर्क (बाबू) के पद पर पदस्थ इस कर्मचारी का नाम सरदार झोड़िया है, जो सरकार से करीब 60 हजार रुपये प्रति माह का मोटा वेतन पाता है. इतनी अच्छी खासी सैलरी होने के बावजूद यह शख्स फुटपाथ पर बैठकर लोगों को नाले के पानी से धुली दूषित सब्जियां बेच रहा था. मामला संज्ञान में आने के बाद अब जीएसटी विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए आरोपी क्लर्क को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है.
🎭 3. कार्रवाई के समय अधिकारियों को बताया था फर्जी नाम 'भल्ला': अधिकारियों के पास वीडियो पहुंचते ही मचा हड़कंप
दरअसल, दो दिन पूर्व जब यह वीडियो सोशल मीडिया पर सर्कुलेट हुआ था, तब फुटपाथ पर बैठकर सब्जी बेचने वाला यह शख्स पास के गंदे नाले से बाल्टी में पानी भरकर मिर्च और अन्य सब्जियां धोता नजर आ रहा था. शिकायत मिलने पर जब खाद्य विभाग की टीम डॉट की पुल क्षेत्र में कार्रवाई करने पहुंची, तो आरोपी सब्जी विक्रेता कान पकड़कर रोने-गिड़गिड़ाने लगा और अपनी असल पहचान छुपाने के लिए अधिकारियों को अपना फर्जी नाम 'भल्ला पिता हूरजी' बताया था. लेकिन जैसे ही यह वीडियो जिला प्रशासन और जीएसटी विभाग के आला अधिकारियों के वॉट्सऐप ग्रुप्स तक पहुंचा, तो पूरे महकमे में हड़कंप मच गया, क्योंकि गंदे पानी से सब्जियां धोने वाला यह चेहरा उनके ही दफ्तर का क्लर्क सरदार झोड़िया था.
📢 4. संयुक्त संचालक ने जारी किया कारण बताओ नोटिस: टीबी का मरीज है आरोपी क्लर्क, दफ्तर से रहता था गायब
पूरे मामले की पुष्टि करते हुए राज्य कर विभाग के संयुक्त संचालक भाव सिंह राठौड़ ने बताया: "सोशल मीडिया और समाचारों के वीडियो में दिख रहा शख्स हमारे ही विभाग का क्लर्क (सरदार झोड़िया) है. वह पिछले कुछ समय से अस्वस्थ होने और अन्य निजी कारणों का हवाला देकर आधिकारिक अवकाश (छुट्टी) पर चल रहा था. यह गंभीर मामला हमारे संज्ञान में आते ही उसे तुरंत कारण बताओ नोटिस (Show Cause Notice) जारी कर दिया गया है. इस संबंध में वरिष्ठ अधिकारियों को रिपोर्ट भेज दी गई है और नियमानुसार सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी."
वहीं विभाग के अन्य सहकर्मियों ने दबी जुबान में बताया कि सरदार झोड़िया टीबी (Tuberculosis) की बीमारी से पीड़ित है और अक्सर अजीबोगरीब हरकतें करता रहता है. वह कई बार बीमारी का बहाना बनाकर दफ्तर से गायब भी रहता था.
⚠️ 5. फल और सब्जियां खरीदने वाले आम उपभोक्ताओं के लिए बड़ी चेतावनी: सेहत को लेकर रहें बेहद सतर्क
यह चौंकाने वाली खबर और सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो उन तमाम आम उपभोक्ताओं के लिए एक गंभीर अलार्मिंग बेल (चेतावनी) है, जो बाजार से बिना जांचे-परखे फल और सब्जियां खरीद लेते हैं. यह घटना दर्शाती है कि किस तरह सरदार झोड़िया जैसे गैर-जिम्मेदार लोग चंद रुपयों या अपनी सनक के चक्कर में आम जनता के स्वास्थ्य और जिंदगी के साथ सरेआम खिलवाड़ कर रहे हैं. डॉक्टरों के अनुसार, नाले के पानी में खतरनाक बैक्टीरिया और ई-कोलाई जैसे वायरस होते हैं, जिससे टाइफाइड, पीलिया और पेट के गंभीर संक्रमण हो सकते हैं. इसलिए बाजार से सब्जी लाने के बाद उसे अच्छी तरह साफ पानी और नमक या बेकिंग सोडा से धोना बेहद जरूरी है.
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)