रिश्वत मांगने का ऑडियो वायरल होने पर आरक्षक निलंबित, एसपी संजय कुमार अग्रवाल ने की कार्रवाई
शहडोल में रिश्वत मांगने का ऑडियो वायरल होने के बाद पुलिस अधीक्षक ने पपौंध थाने के आरक्षक सुरेश सिंह को निलंबित कर दिया है। मामले की जांच जारी है।
शहडोल। सोशल मीडिया पर एक पुलिसकर्मी द्वारा रिश्वत मांगे जाने का ऑडियो तेजी से वायरल होने के बाद पूरे शहडोल पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। इस पूरे मामले को बेहद गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक (SP) संजय कुमार अग्रवाल ने पपौंध थाने में पदस्थ आरक्षक सुरेश सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है और उन्हें तुरंत पुलिस लाइन में हाजिर होने के कड़े आदेश जारी किए हैं।
💰 5 हजार रुपये की मांग करते हुए सुनाई दे रहा आरक्षक
प्राप्त जानकारी के अनुसार, हाल ही में आरक्षक सुरेश सिंह का एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस ऑडियो में वह किसी मामले के पीड़ित पक्ष से कथित तौर पर 5 हजार रुपए की रिश्वत की माँग करता हुआ साफ सुनाई दे रहा है।
वायरल बातचीत में आरक्षक पीड़ित व्यक्ति से यह कहता हुआ भी सुनाई दे रहा है कि पैसे देने पर उसका काम आसानी से हो जाएगा और यदि काम नहीं हुआ, तो वह उसके रुपए वापस लौटा देगा। हालाँकि, इस वायरल ऑडियो की सत्यता और इसके पीछे की पूरी परिस्थितियों की गहन जाँच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी, लेकिन शुरुआती आधार पर विभागीय स्तर पर मामले की जाँच शुरू कर दी गई है।
⚡ एसपी संजय कुमार अग्रवाल ने लिया त्वरित और सख्त संज्ञान
जैसे ही यह ऑडियो सोशल मीडिया के माध्यम से उच्च अधिकारियों तक पहुँचा, पुलिस अधीक्षक संजय कुमार अग्रवाल ने बिना किसी देरी के इसका तुरंत संज्ञान लिया और आरक्षक के खिलाफ निलंबन की बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया।
इसके साथ ही उन्होंने जिले के सभी थानों और पुलिस चौकियों में पदस्थ तमाम अधिकारियों और कर्मचारियों को सख्त हिदायत दी है कि वे आम जनता के साथ हमेशा मर्यादित और अच्छा व्यवहार रखें।
🛡️ जनता की सुरक्षा और सहायता के लिए है पुलिस: एसपी
इस पूरी कार्रवाई के बाद एसपी संजय कुमार अग्रवाल ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पुलिस विभाग का मुख्य उद्देश्य आम जनता की सहायता करना और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भविष्य में किसी भी पुलिसकर्मी द्वारा आम नागरिकों के साथ किसी भी प्रकार का दुर्व्यवहार या वित्तीय अनियमितता की शिकायत मिलती है, तो उसे अत्यंत गंभीरता से लिया जाएगा और दोषी पाए जाने वाले कर्मचारी के खिलाफ बिना किसी ढिलाई के सख्त से सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)