सफलता के सूत्र: पूर्व पीएम एचडी देवेगौड़ा ने पीएम मोदी की कार्यशैली और नेतृत्व की जमकर की तारीफ

पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा ने पीएम मोदी के 12 वर्षों के सफल कार्यकाल पर लिखा लेख। मोदी को बताया आत्मचिंतनशील और समावेशी नेतृत्व का प्रतीक।

Jun 10, 2026 - 20:37
 0
सफलता के सूत्र: पूर्व पीएम एचडी देवेगौड़ा ने पीएम मोदी की कार्यशैली और नेतृत्व की जमकर की तारीफ

पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 वर्षों के कार्यकाल पर एक लेख के माध्यम से उनके नेतृत्व की सराहना की है। देवेगौड़ा ने पीएम मोदी को 'बदलते भारत की आकांक्षाओं को समझने वाला जननेता' बताते हुए कहा कि उनकी सबसे बड़ी विशेषता उनका आत्मचिंतनशील स्वभाव है।

नेहरू बनाम मोदी: लोकतांत्रिक परिपक्वता का प्रतीक

देवेगौड़ा ने स्पष्ट किया कि नरेंद्र मोदी का लगातार तीन बार प्रधानमंत्री पद तक पहुंचना केवल एक राजनीतिक उपलब्धि नहीं, बल्कि भारतीय लोकतंत्र की जीवंतता का प्रमाण है। उन्होंने नेहरू और मोदी काल की परिस्थितियों की तुलना करते हुए कहा कि आज का मतदाता अधिक जागरूक है और ऐसे चुनौतीपूर्ण दौर में जनता का विश्वास जीतना एक असाधारण कार्य है।

 बिना किसी राजनीतिक विरासत के शिखर तक का सफर

पूर्व पीएम ने मोदी की इस बात के लिए प्रशंसा की कि उन्होंने बिना किसी राजनीतिक परिवार या विरासत के लाभ के, केवल अपनी मेहनत और संगठन क्षमता से राष्ट्रीय राजनीति में पहचान बनाई है। उन्होंने लिखा कि मोदी का सीधा जनता से जुड़ने का तरीका उन्हें अन्य नेताओं से अलग खड़ा करता है।

 सामाजिक प्रतिनिधित्व और समावेशी विकास

देवेगौड़ा ने नेहरू युग और मोदी युग के सामाजिक प्रतिनिधित्व की भी तुलना की। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार में पिछड़े वर्गों, अनुसूचित जातियों, जनजातियों और महिलाओं की भागीदारी बढ़ी है, जो आधुनिक भारत की विविधता का सही प्रतिबिंब है। संसद में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी को उन्होंने एक समावेशी लोकतंत्र की ओर बड़ा कदम बताया।

 चुनौतीपूर्ण दौर में दृढ़ नेतृत्व

शासन की चुनौतियों पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया और 24/7 सक्रिय मीडिया के दौर में आज शासन चलाना पहले से कहीं अधिक कठिन है। ऐसे में पीएम मोदी ने अपनी विदेश नीति और राष्ट्रीय सुरक्षा के मामलों में दृढ़ नेतृत्व का परिचय दिया है।

 आत्मचिंतन: सफलता का मुख्य आधार

देवेगौड़ा के अनुसार, मोदी की सफलता का सबसे बड़ा रहस्य उनका आत्म-मूल्यांकन करना है। वे समय की मांग के अनुसार अपनी कार्यशैली में सुधार करते रहते हैं, जो उन्हें जनता के बीच लंबे समय तक प्रासंगिक बनाए रखने में मदद करता है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow