'मां तुझे प्रणाम' योजना के तहत युवाओं की अनुभव यात्रा शुरू; मांडव, ओंकारेश्वर और महेश्वर की करेंगे सैर
'मां तुझे प्रणाम' योजना के तहत शहडोल संभाग से 66 युवाओं का दल इंदौर रवाना हुआ। युवा मांडव, ओंकारेश्वर और महेश्वर के ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण करेंगे।
शहडोल। खेल और युवा कल्याण विभाग, मध्य प्रदेश द्वारा संचालित 'मां तुझे प्रणाम' योजना के अंतर्गत युवाओं को देश की सीमाओं और प्रदेश के ऐतिहासिक, सांस्कृतिक व भौगोलिक स्थलों से रूबरू कराने के लिए एक विशेष दल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
यह अध्ययन सह अनुभव यात्रा 20 सितंबर तक आयोजित की जा रही है। शहडोल के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) अभिषेक दीवान ने बताया कि वर्ष 2025-26 के लिए चयन प्रक्रिया पूरी करने के बाद युवाओं का यह दल बुधवार को गंतव्य के लिए रवाना हुआ।
👥 शहडोल संभाग से 66 चयनित युवा शामिल: ब्लॉक समन्वयक दयानंद सोंधिया के नेतृत्व में इंदौर रवाना
इस विशेष यात्रा में शहडोल संभाग के विभिन्न जिलों से युवाओं का चयन किया गया है।
जिसमें शहडोल जिले से 22, अनूपपुर से 13, डिंडौरी से 21 और उमरिया से 05 युवा शामिल हैं—इस प्रकार कुल 66 युवाओं का दल गठित किया गया है। दयानंद सोंधिया (ब्लॉक युवा समन्वयक एवं दल मैनेजर) के कुशल नेतृत्व में सभी युवा ट्रेन द्वारा इंदौर के लिए रवाना हुए हैं।
🏰 ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों का प्रत्यक्ष अनुभव: मांडव और महेश्वर का करेंगे शैक्षणिक भ्रमण
इंदौर पहुंचने के पश्चात युवाओं के इस दल को मालवा और निमाड़ अंचल के प्रमुख ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक स्थलों का भ्रमण कराया जाएगा।
युवाओं को मांडव (मांडू) के ऐतिहासिक महलों, ओंकारेश्वर के पावन ज्योतिर्लिंग क्षेत्र और महेश्वर की ऐतिहासिक धरोहरों का प्रत्यक्ष अवलोकन कराया जाएगा। इस अनुभव यात्रा का मुख्य उद्देश्य युवाओं को मध्य प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, कला, वास्तुकला और भौगोलिक विविधताओं से गहराई से परिचित कराना है।
📜 क्या है मध्य प्रदेश शासन की 'मां तुझे प्रणाम' योजना?: जानें कौन ले सकता है इसका लाभ
'मां तुझे प्रणाम' योजना मध्य प्रदेश सरकार की एक महत्वाकांक्षी पहल है, जिसकी शुरुआत पहली बार वर्ष 2013 में की गई थी।
-
मुख्य उद्देश्य: युवाओं में देशभक्ति, सांस्कृतिक चेतना और राष्ट्र निर्माण की भावना जागृत करना तथा उन्हें अंतरराष्ट्रीय सीमाओं व राष्ट्रीय/राज्य स्तरीय ऐतिहासिक धरोहरों का भ्रमण कराना।
-
आयु सीमा: 15 से 25 वर्ष तक के युवा इस योजना के पात्र हैं।
-
पात्रता: आवेदक का मध्य प्रदेश का मूल निवासी होना अनिवार्य है। एनसीसी (NCC), एनएसएस (NSS), स्काउट-गाइड, राष्ट्रीय/राज्य स्तर के खिलाड़ी और मेधावी छात्रों को चयन में प्राथमिकता दी जाती है।
-
पुनः शुरुआत: कोविड महामारी के कारण यह योजना कुछ समय के लिए बाधित रही थी, जिसे सरकार ने अप्रैल 2022 से पुनः पूर्ण रूप से शुरू किया है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)