शहर में 12 हजार ई-रिक्शा का बेजा कब्जा; जोनल सिस्टम फेल, प्रशासन जल्द करेगा बड़ी बैठक
इंदौर में ई-रिक्शा के कारण बिगड़ती यातायात व्यवस्था। 12 हजार ई-रिक्शा का बेतरतीब संचालन जारी। प्रशासन जल्द ही जोनल सिस्टम और सख्त कार्रवाई की तैयारी में।
इंदौर। शहर में प्रदूषण कम करने और यातायात को सुगम बनाने के उद्देश्य से शुरू किए गए ई-रिक्शा अब शहरवासियों के लिए बड़ी परेशानी का सबब बन गए हैं। यातायात विभाग द्वारा ई-रिक्शा के लिए चार जोन निर्धारित करने की योजना महीनों बाद भी धरातल पर नहीं उतर पाई है। इसका परिणाम यह है कि राजवाड़ा जैसे भीड़भाड़ वाले इलाकों में भी ई-रिक्शा चालक बेखौफ होकर कहीं भी वाहन खड़ा कर सवारी बैठाते हैं, जिससे दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है।
📋 योजना विफल: 12 हजार ई-रिक्शा का अव्यवस्थित संचालन
शहर में वर्तमान में लगभग 12 हजार ई-रिक्शा संचालित हो रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस ने पूर्व में जोनल सिस्टम और राजवाड़ा में पार्किंग पर नियंत्रण का प्रस्ताव रखा था, लेकिन इसका पालन होता नहीं दिख रहा। शिकायतों के अनुसार, न केवल ट्रैफिक नियमों की अनदेखी हो रही है, बल्कि नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने और नशे की हालत में वाहन संचालन जैसी गंभीर बातें भी सामने आ रही हैं। मुख्य मार्गों पर इनकी अनियंत्रित आवाजाही के कारण आम लोगों का निकलना दूभर हो गया है।
🛣️ उद्देश्य से भटके ई-रिक्शा: सड़कों पर दबाव कम होने के बजाय बढ़ा
ई-रिक्शा का मुख्य उद्देश्य कॉलोनियों और गलियों से सवारियों को मुख्य मार्गों तक लाना था, ताकि बड़े वाहनों का दबाव कम हो सके। इसके विपरीत, ये ई-रिक्शा अब मुख्य मार्गों पर ही दौड़ रहे हैं और हर चौराहे पर इनकी बेतरतीब भीड़ यातायात को बाधित कर रही है। सवारी बैठाने के लिए बीच सड़क पर वाहन रोकने से कई बार एक्सीडेंट का खतरा भी बना रहता है।
👮 जल्द ही बैठक कर सख्त कार्रवाई की तैयारी
ट्रैफिक डीसीपी राजेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि विभाग जल्द ही ई-रिक्शा चालकों के साथ बैठक आयोजित करने जा रहा है। बैठक में जोनल सिस्टम और तय मार्गों को लागू करने की तारीख तय की जाएगी। चालकों को नियमों के पालन के लिए 7 दिन का समय दिया जाएगा, जिसके बाद सख्ती से चालानी कार्रवाई शुरू होगी। उल्लेखनीय है कि अब तक 7 हजार चालकों ने रजिस्ट्रेशन करा लिया है और 3,311 ई-रिक्शा की कलर कोडिंग पूरी हो चुकी है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)